पारस प्रेम न्यूज़ कानपुर संपादक ब्रिज भूषण यादव उर्फ राजेश

 





 





कोटेदारों को भी मिलेगी बीमा सुरक्षा

 कोरोना से मौत होने पर आश्रितों को मिलेगी 50 लाख की अनुग्रह राशि

भानु प्रताप सिंह

 कानपुर। लॉकडाउन की अवधि में राशन बांटने मे लगी कोटेदार भी कोरोना  कर्मवीरों की तरह बीमा सुरक्षा मिलेगी। इसका लाभ न केवल शहर के 1442 कोटेदारों को मिलेगा, बल्कि राशन आपूर्ति सुनिश्चित करने में लगें संविदा कर्मी, ट्रांसपोर्ट और पल्लेदारों को भी मिलेगा। यह आदेश शासन के खाद्य एवं रसद आयुक्त ने पत्र भेज कर दिया। 

कोविड-19 संक्रमण काल के चलते लॉकडाउन में पूरा देश घरों में रह कर सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कर रही है वही ये कोटेदार कर्मवीरों की भांति अंत्योदय और बीपीएल समेत कार्ड धारकों को राशन बांटने मे लगे है। उनके साथ ट्रांसपोर्टर, संविदा कर्मी और पल्लेदार भी आपूर्ति चेन को कायम करते हुये कोरोना योध्दा की भांति डटे है। कोटेदार तो ई-पॉश मशीन से वितरण के चलते सीधे सम्पर्क में आने को मजबूर है। इस पर संज्ञान लेते हुये आयुक्त खाद्य एवं रसद ने यह प्रशांसनीय पहल की है जिसके तहत कोरोना संक्रमण से किसी भी कोटेदार की मृत्यु पर उनके आश्रितों को 50 लाख की एकमुश्त अनुग्रह राशि दी जायेगी। अति आवश्यक सेवा के पिछले शासनादेशों की माने तो अभी तक आपूर्ति विभाग से जुड़े लोग इसमें शामिल नहीं थे।

राशन वितरण में शहर के कार्डधारकोंं के द्वारा पाँच दिन में अपूर्ति दो तिहाई से ज्यादा हो चुकी है जबकि आपूर्ति के लिये 11 मई तक की सुनिश्चित की गयी थी। राशन वितरण आवश्यक सेवा में आता है कोटेदार सीधे कार्डधारक के सम्पर्क में आता है। ऐसे मे आपूर्ति विभाग और उससे जुड़े लोगों बीमा कवर में शामिल होने हेतु खाद्य आयुक्त को पत्र भेजा गया था, जिस पर शासनादेश कमिश्नर को मिला है।

अखिलेश कुमार श्रीवास्तव, जिलापूर्ति अधिकारी

अब सीमित मात्रा में ही मिलेगी शराब

अग्रेंजी व बीयर, देशी शराब  की एक ही बोतल खरीद सकेंगे

दिव्या मिश्रा

कानपुर। प्रदेश के प्रमुख सचिव आबकारी संजय आर.भूसरेड्डी ने कहा है कि प्रदेश में अगले तीन-चार दिन लोग सीमित मात्रा में ही शराब और बीयर खरीद सकेंगे।एक बार में एक व्यक्ति देसी या अंग्रेजी शराब की सिर्फ एक बोतल, या दो अद्धे अथवा तीन पव्वे ही खरीद सकेगा। इसी तरह बीयर की दो बोतल या तीन केन ही खरीदे जा सकेंगे।

उन्होंने बताया कि विभाग की ओर से यह फैसला शराब और बीयर की जमाखोरी तथा कालाबाजारी को सख्ती के साथ रोकने के लिए यह निर्णय लिया गया है। उन्होंने ताकीद करते हुए कहा कि राज्य में कहीं भी शराब और बीयर की जमाखोरी या कालाबाजारी करने की शिकायत मिली तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने जनता से अपील की कि लाकडाउन के नियमों और सोशल डिस्टेन्सिंग का पूरी तरह अनुपालन करते हुए शराब और बीयर की दुकानों के सेल्समैनों और पुलिस का सहयोग करें। प्रदेश में शराब और बीयर का समुचित स्टाक है। डिस्टलरियों ने काफी पहले ही उत्पादन शुरू कर दिया था। उन्होंने कहा कि अगले तीन दिन में शराब और बीयर की सप्लाइन चेन सामान्य हो जाएगी। सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल भी तैनात रहेगा।


 - हॉटस्पॉट से 500 मीटर की परिधि में आने वाले बैंक भी रहेंगे बंद।

 जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय कानपुर नगर  द्वारा बैंकों के लिए  24 अप्रैल को जारी किए गए आदेश में परिवर्तन करते हुए नया आदेश जारी किया गया है कि  अब हॉटस्पॉट क्षेत्र के 500 मीटर की परिधि में आने वाले बैंक ही बंद रहेंगे इससे पहले 24 अप्रैल को जिलाधिकारी कार्यालय द्वारा आदेश जारी किया गया था कि 2 किलोमीटर के दायरे में आने वाले बैंक एटीएम बैंक मित्र सेंटर बंद रहेंगे लेकिन अब उक्त आदेश में परिवर्तन करके इसे 500 मीटर की परिधि तक सीमित कर दिया गया है अतः हॉटस्पॉट छेत्र के 500 मीटर की परिधि में ही आने वाले बैंक एटीएम बैंक मित्र सेंटर अग्रिम आदेश तक बंद रहेंगे इसके अतिरिक्त जिन बैंकों की नगर में एक ही शाखा कार्यरत हैउस बैंक की तथा समस्त बैंकों के कार्यालय सेवा शाखा हॉटस्पॉट क्षेत्र के 500 मीटर की परिधि के अंतर्गत आता है तो वह शाखा कार्यालय सेवा शाखा बंद रहेंगे


आयुर्वेद आयु को बढाने वाला एवं " सर्वे सन्तु निरामया:" -शिवप्रकाश 

​​​​​ रिचा अग्निहोत्री

कानपुर। ​देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने कोरोना काल में उल्लेख किया कि संकट को अवसर में बदलें और एक नए प्रकार की व्यवस्था का सृजन करें | उन्होंने कहा कि जैसे दुनिया ने योग को स्वीकार किया, वैसे ही आयुर्वेद को भी  हम विश्व मे स्थापित कर सकते है | आयुर्वेद आयु को बढाने वाला एवं " सर्वे सन्तु निरामया:"

​​​ (सभी निरोगी हो) का विचार करने वाला चिकित्सा शास्त्र है | जिसका उपचार अतिरिक्त प्रभाव  नही देता। शिवप्रकाश सह-संगठन मंत्री भाजपा ने बताया कि गांधी जी ने कहा था पश्चिम की व्यवस्था मनुष्य की आत्मा की महाशत्रु है।उन्होंने ने कहा कि इस संकटकाल में अब विश्व में नए सिरे से विचार करने की चर्चा चली है तब भारतीय चिंतन के आधार पर मानव मात्र के कल्याण का विचार ही उस स्थान की पूर्ति कर सकता है | शिवप्रकाश ने बताया कि ​गाँधी जी ने कहा की स्वदेशी की हमारी भावना का अर्थ है हमारी वह भावना जो हमें दूर के क्षेत्र को छोड़कर अपने समीपवर्ती प्रदेश का ही उपयोग और सेवा करना सिखाती है| कोरोना संक्रमण में देश के सम्मुख प्रवासी मजदूरों का एक गंभीर विषय है उनकी सुरक्षा एवं भोजन व्यवस्था को लेकर सभी राज्य चिंतित है | वास्तव मे हमको स्वदेशी एवं विकेंद्रित इस प्रकार की अर्थव्यवस्था खड़ी करनी होगी जिसमें पर्यावरण संरक्षण एवं रोजगार दोनों हो सके। रोजगार का विचार करते समय हमें विचार करना होगा कि रोजगार के लिए व्यक्ति को अपना घर एवं परिवार छोड़ना न पड़े | उत्तर प्रदेश सरकार का "एक जिला एक उत्पाद", इससे स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा मिलेगा। घर से अधिक लंबे समय दूर रहने के कारण परिवार से अलगाव, वृद्ध माता पिता की सेवा से दूरी एवं सामाजिक विघटन जैसे दोष निर्माण होते हैं। पं. दीनदयाल उपाध्याय के विषय पर बोलते हुये  कहा पं. दीनदयाल ने कहा था कि रोजगार की व्यवस्था ऐसी हो कि व्यक्ति कार्य करने के बाद रात्रि को अपने परिवार के पास में आ सके।

​प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने अपनी मन की बात मे प० दीनदयाल उपाध्याय के विचारों  मे उल्लेखित प्रकृति, विकृति एवं संस्कृति की चर्चा की है | जहाँ दुनिया ने विकृति एवं प्रकृति तक ही अपना व्यवहार सीमित किया, वही भारत ने अपने स्वभाव के अनुसार स्वास्थ्य सम्बन्धी सामग्री दुनिया के देशों को उपलब्ध कराकर संस्कृति निष्ठ व्यवहार का परिचय दिया है। भारतीय चिंतन में प्रकृति को माँ मानने की जो दृष्टि है वह हमारा संबंध वृक्ष, नदी एवं जीवों से जोड़ती है।

​आज मानवता के सम्मुख जो संकट खड़ा है उस संकट में हम एवं हमारा विचार ही मानवता को बचा सकता है | हम भारत वर्ष को शक्तिशाली बनाकर एवं अपनी संस्कृति का गौरव लेकर खड़े हो यही समय की मांग है। अर्नाल्ड टॉयंबी ने कहा था कि "भारत की उदारता एवं विशाल दृष्टि मानव की एकता की सिद्धि में उसकी विशेष देन होगी।

​​​​​​​डेढ़ हजार श्रमिकों को लेकर गुजरात के गोधरा से सेंट्रल पहुंंची स्पेशल ट्रेन

- दो दिन पहले भी गुजरात से श्रमिकों के लेकर कानपुर पहुंची थी ट्रेन

दिव्या मिश्रा

कानपुर। गुजरात के गोधरा से श्रमिक स्पेशल ट्रेन  सेंट्रल स्टेशन आयी। 24 कोच वाली यह ट्रेन करीब डेढ़ हजार मजदूरों को लेकर सोमवार देर रात गोधरा स्टेशन से रवाना हुयी। इसमें कानपुर समेत करीब 35 से 40 जिलों के मजदूर बताए जा रहे हैं।

सेंट्रल पर जीआरपी और आरपीएफ जवानों को मुस्तैद रहे। रविवार को भी अहमदाबाद के साबरमती स्टेशन से एक ट्रेन कानपुर सेंट्रल स्टेशन पहुंची थी। इसमें प्रदेश के 52 जिलों के 1200 से अधिक यात्री आए थे।शहर में बड़ी तादाद में यात्रियों का आना खतरनाक शहर रेड जोन में है और यहां रोज नए-नए मामले बड़ी संख्या में मिल रहे हैं। ऐसे में कानपुर में गुजरात से बड़ी संख्या में इस तरह यात्रियों का आना खतरनाक हो सकता है। 

साबरमती से आई स्पेशल ट्रेन के 1200 से अधिक यात्रियों में करीब 250 यात्री ही कानपुर और उसके आसपास जिलों के थे। ज्यादातर यात्री पूर्वांचल के थे। ऐसे में यात्रियों को प्रयागराज या पूर्वांचल के किसी स्टेशन पर उतारना ज्यादा उपयुक्त होता। रोडवेज को भी लंबी दूरी की कवायद न करनी होती। दरअसल, ये मजदूर गुजरात में क्वारंटीन नहीं हुए हैं, बल्कि थर्मल स्क्रीनिंग कराकर इनको ट्रेन से लाया जा रहा है।

कानपुर मंडल में लगातार तीसरे दिन आंधी पानी जनजीवन अस्त-व्यस्त की थ्रेसिंग का काम हुआ ठप्प

भानु प्रताप सिंह

कानपुर। पिछले तीन दिनों से कानपुर और आस पास के क्षेत्र में आंधी पानी से जन जीवन अस्त व्यस्त है और इसका सबसे बड़ा असर किसानों पर पड़ रहा है। इस समय रवी की फसल की कटाई पूरी हो चुकी है लेकिन थ्रेसिंग अभी बाकी है  तीन दिन से होने वाली वारिश ने किसानों की चिंता को बड़ा दिया है क्योंकि बिना सूखे  गेंहू की थ्रेसिंग नहीं हो सकती। गेंहू के खराब होने पर किसानों के सामने आर्थिक संकट के साथ साथ खाद्य संकट भी खड़ा हो जायेगा। मौसम विभाग द्वारा पहले ही चेतावनी दे दी गई थी कि अगले चार-पांच दिन तक मौसम खराब रहेगा आज तीसरे दिन श्री कानपुर और आसपास के क्षेत्र में आंधी-पानी ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया धूल भरी आंधी और फिर वारिस ने किसानों की समस्या बढ़ा दी है क्योंकि ट्रेसिंग का काम अभी जोरों पर है लेकिन बरसात के कारण सारा कार्य ठप हो गया है इसके अलावा खीरा ककड़ी तरबूज खरबूजा और आम की फसल को भी अच्छा खासा नुकसान हुआ है जिससे किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।

6- सरकारी कार्यालयों में सैनिटाइज कराने की मांग  -राजा भरत अवस्थी 

कानपुर। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के जिला अध्यक्ष राजा भरत अवस्थी ने जिलाधिकारी को पत्र लिखकर सभी सरकारी कार्यालयों को सैनिटाइज कराने की माँग की। अवस्थी ने कहा कि कोरोना वायरस संक्रमण से कानपुर जूझ रहा है, ऐसे में सरकारी कार्यालयों को खोलने के आदेश जारी होने पर कर्मचारियों में भय व्याप्त है। काफी दिनो से सरकारी कार्यालयों के बंद रहने के कारण साफ-सफाई व धुलाई न होने से संक्रमण फैल सकता है। कार्यालयों की साफ-सफाई व सैनटाइजेशन के बाद ही राजकीय कार्य सुव्यवस्थित ढंग से संचालित हो सकेंगे। सोशल डिस्टेंसिंग व प्रत्येक कर्मचारी के सैनिटाइज करने की दशा में कोबिड-19 के संक्रमण से सुरक्षित रहकर ही कार्य सम्पादित कराने हेतु सभी कार्यालयाध्यक्षों को पत्र लिखकर निर्देशित करने की माँग परिषद ने की। सभी कार्यालयों के पदाधिकारियों जिसमें ए एन द्विवेदी, मनोज झा, अनिल अग्रवाल, अजय द्विवेदी, भानु प्रताप, कौशल भारद्वाज, जसकरन शाक्य, आर के पालीवाल ,अजीत निगम, संतोष तिवारी, बचाऊ सिंह, सुरेश चंद्र यादव, आलोक यादव, अवधेश कटियार, प्रत्यूष द्विवेदी , अविनाश कुमार, संतोश अवस्थी, राम स्वरुप, आनंद बाजपेयी, मंजूरानी कुशवाहा, सुनीता वैश्य,हरीश श्रीवास्तव, उमेश तिवारी, राकेश सोनकर, अनिल प्रताप सिंह, अविनाश कुमार, अटल बिहारी, जय प्रकाश शुक्ला, सत्यवीर दीक्षित, प्रमोद पटेल,विकास अस्थाना, प्रत्यूष द्विवेदी, पी के सिंह, सुखेन्द्र यादव, परवेज आलम, संध्याकांत सक्सेना, कमलेश यादव, धर्मेन्द्र अवस्थी, अविनाश दीक्षित, अजय सिंह, राकेश तिवारी, सुरेन्द्र सिंह, श्याम सिंह,अरूण मिश्रा मौजूद रहे।

हॉटस्पॉट  क्षेत्र को बना दिया मजाक

 बैरियर हटाकर क्षेत्र में धड़ल्ले से आवाजाही जारी

दिव्या मिश्रा

 कानपुर। कोरोना वायरस के चलते  पूरा शहर लॉक डाउन में है इसके अलावा प्रशासन द्वारा चिन्हित किए गए हॉटस्पॉट क्षेत्रों में आवाजाही बिल्कुल रोक दी गई है लेकिन ग्वालटोली मछली वाला हाता का हॉटस्पॉट क्षेत्र लोगों ने मजाक बनाकर रख दिया है परमट पेट्रोल पंप के सामने और विक्टोरिया मिल के सामने से पुलिस ने बैरिकेडिंग कर रखा है लेकिन लोग खुद बैरिकेडिंग को हटाकर हॉटस्पॉट क्षेत्रों में धड़ल्ले से आ जा रहे हैं पुलिस भी उन्हें नहीं रोकती पहले तो वहां पुलिस बहुत कम होती ही है और अगर होती भी है तो  रोकती नहीं ऐसे में हॉटस्पॉट क्षेत्र एक मजाक बनकर रह गया है और संक्रमण फैलने का खतरा बरकरार हैं